e-Governance is to ease government functioning in order to create Simple, Accountable, Responsive and Transparent governance. The Government of Gujarat (GoG) has come a long way in implementation of the various e-Governance initiatives in the state, in order to adopt the best practices and key reforms.
The evolution of Information and Communications Technology (ICT) has brought a whole new paradigm for governance by which we are heading towards ease of living through e-Governance.
The goals of e-Governance are:
a. Better service delivery to citizens
b. Ushering in transparency and accountability
c. Empowering people through information
d. Improved efficiency within Governments
e. Improve interface between business and industry
The need of the hour is to think on how to make the life of our citizens better and easier by using new-age technologies. If you have any suggestion or new idea regarding this then share it here.
Last date of submission is 6th August, 2022.
Amit Kumar Tiwari 2 years 8 months ago
सेंटर फॉर साइंस एंड एनवायरनमेंट (CSE) द्वारा जारी ईज ऑफ लिविंग इंडेक्स 2020 में बेंगलुरु को भारत के सबसे रहने योग्य शहर के रूप में नामित किया गया है| ईज ऑफ लिविंग इंडेक्स 2020 भारत के पर्यावरण राज्य 2021 नामक रिपोर्ट का हिस्सा है|
Amit Kumar Tiwari 2 years 8 months ago
E-Governance can involvement and participated overall measure party, sustain overall society and good working of the goverment, goverment measure part of well thinking as govt.
Amit Kumar Tiwari 2 years 8 months ago
ईज़ ऑफ लिविंग’ सूचकांक:
लक्ष्य:
इसका उद्देश्य शहरों को वैश्विक और राष्ट्रीय मानदंडों के अनुसार व्यवस्थित रूप से खुद को आँकने और उन्हें शहरी नियोजन एवं प्रबंधन हेतु परिणाम आधारित ’दृष्टिकोण की ओर स्थानांतरण के लिये प्रोत्साहित करना है।
Amit Kumar Tiwari 2 years 8 months ago
महत्त्व:
समग्र मूल्यांकन प्रदान करना:
ये सूचकांक शहरों का समग्र मूल्यांकन प्रदान करते हैं, जो कि जीवन की बेहतर गुणवत्ता विकसित करने, बुनियादी ढाँचे का निर्माण और शहरीकरण की चुनौतियों का समाधान करने के प्रयासों के आधार पर तैयार किये जाते हैं।
इन सूचकांकों से प्राप्त जानकारी के माध्यम से सरकार को अंतरालों की पहचान करने, संभावित अवसरों को पहचानने, नागरिकों के जीवन में सुधार लाने और व्यापक विकास परिणामों प्राप्त कर स्थानीय शासन में दक्षता बढ़ाने में मदद मिल सकती है।
ajitks.g189001@gov.in 2 years 8 months ago
महत्त्व:
समग्र मूल्यांकन प्रदान करना:
ये सूचकांक शहरों का समग्र मूल्यांकन प्रदान करते हैं, जो कि जीवन की बेहतर गुणवत्ता विकसित करने, बुनियादी ढाँचे का निर्माण और शहरीकरण की चुनौतियों का समाधान करने के प्रयासों के आधार पर तैयार किये जाते हैं।
कमियों से उबरने में सहायता:-
इन सूचकांकों से प्राप्त जानकारी के माध्यम से सरकार को अंतरालों की पहचान करने, संभावित अवसरों को पहचानने, नागरिकों के जीवन में सुधार लाने और व्यापक विकास परिणामों प्राप्त कर स्थानीय शासन में दक्षता बढ़ाने में मदद मिल सकती है।
ajitks.g189001@gov.in 2 years 8 months ago
Government has initiated many plannings for improving the level of basic education but many things are not going on perfectly so we need to improve on it.
ajitks.g189001@gov.in 2 years 8 months ago
सेंटर फॉर साइंस एंड एनवायरनमेंट (CSE) द्वारा जारी ईज ऑफ लिविंग इंडेक्स 2020 में बेंगलुरु को भारत के सबसे रहने योग्य शहर के रूप में नामित किया गया है| ईज ऑफ लिविंग इंडेक्स 2020 भारत के पर्यावरण राज्य 2021 नामक रिपोर्ट का हिस्सा है|
ajitks.g189001@gov.in 2 years 8 months ago
E-Governance can involvement and participated overall measure party, sustain overall society and good working of the goverment, goverment measure part of well thinking as govt.
ajitks.g189001@gov.in 2 years 8 months ago
The seeds of a digitally connected India were sown in the early 90s and 2000s with a
number of diverse but disjoint e-governance programmes. However, these resulted in
limited impact on citizens. In 2014, the UN placed India the 118th slot globally (out
of 182 countries) in the e-government rankings.
With an unprecedented mandate and a clear vision, the current government is pushing
ahead the Digital India initiative, which has the potential to transform the lives of
citizens across the
ajitks.g189001@gov.in 2 years 8 months ago
ईज़ ऑफ लिविंग’ सूचकांक:
लक्ष्य:
इसका उद्देश्य शहरों को वैश्विक और राष्ट्रीय मानदंडों के अनुसार व्यवस्थित रूप से खुद को आँकने और उन्हें शहरी नियोजन एवं प्रबंधन हेतु परिणाम आधारित ’दृष्टिकोण की ओर स्थानांतरण के लिये प्रोत्साहित करना है।